सहकारिता क्षेत्र में बड़ा विस्तार: 10 लाख नए सदस्य जोड़ने और पैक्स डिजिटलीकरण के निर्देश
सहकारिता विभाग की समीक्षा कर अधिकारियों को दिशा-निर्देश दिए। प्राथमिक कृषि साख समितियों (पैक्स) में मोबाइल ऐप के माध्यम से ट्रांजेक्शन प्रारंभ किए जाएं। सभी 4,536 पैक्स कंप्यूटरीकृत हो चुके हैं। बीते ढाई वर्षों में 18 कमजोर जिला सहकारी बैंकों में से 6 बैंकों की आर्थिक स्थिति में सुधार हुआ है। शासकीय अंश पूंजी सहायता से 6 जिला बैंक - रीवा, सतना, जबलपुर, शिवपुरी, ग्वालियर एवं दतिया को सुदृढ़ किया जा रहा है। अगले चरण में 6 अन्य स्थानों- भिण्ड, मुरैना, रायसेन, सागर, सीधी और नर्मदापुरम के बैंकों का भी सुदृढ़ीकरण होगा। नवीन सदस्य बनाने के लिए 30 जून तक सदस्यता अभियान संचालित करने के भी निर्देश दिए। अभियान के तहत 10 लाख नए सदस्य जोड़ें। प्रति वर्ष 1.25 लाख नए किसान क्रेडिट कार्ड स्वीकृत करें। गत 2 वर्षों में सहकारी संस्थाओं के माध्यम से 14 लाख क्विंटल प्रमाणित बीज का उत्पादन एवं विपणन हुआ और 1,102 नई दुग्ध समितियों का गठन व 76 हजार सदस्यों के बैंक खाते खोले गए।सहकारी समितियों के साथ मिलकर प्रदेश बीज, ऑर्गेनिक खेती और निर्यात के क्षेत्र में तेजी से प्रगति कर रहा है।